बड़कोट। यमुनोत्री धाम यात्रा व्यवस्थाओं और मजदूरों की समस्याओं को लेकर यमुनोत्री धाम यात्रा के इतिहास में पहली बार सत्याग्रह किया गया जिसमें 5 सूत्रीय मांगों को लेकर अरविंद रावत, विजयपाल रावत जी और महावीर पंवार माही के संयुक्त नेतृत्व में एक दिवसीय मौन सत्याग्रह किया गया। आंदोलनकारियों ने कहा कि यमुनोत्री धाम यात्रा मार्ग पर राना चट्टी में शराब की उपदुकान मानकों के विरुद्ध है और इसे जनभावनाओं ओर धार्मिक आस्था, स्कूली बच्चों और ग्रामीणों क्षेत्र वासियों के आग्रह पर तत्काल बंद किया जाए।
, यमुनोत्री धाम यात्रा व्यवस्थाओं में रोटेशन व्यवस्था संचालन ईमानदारी और मजबूती से चलनी चाहिए ताकि मजदूरों के साथ भेदभाव न हो, कोई मजदूर डेली नंबर पर जा रहे हैं तो कोई 4 से 5 दिन तक खाली हाथ बैठे हुए हैं जो कि सरासर गलत है।
, जिला पंचायत द्वारा बीमा शुल्क के नाम पर जो 50 रुपए घोड़े खच्चर चालकों से लिए जा रहे हैं उनकी एवज में किसी घोड़े खच्चर की मृत्यु पर तत्काल 50 हजार रुपए आर्थिक मुआवजा दिया जाए।
,जानकी चट्टी में शराब, मीट मांस अंडा आदि प्रतिबंधित चीजों पर रोक लगनी चाहिए।
,यमुनोत्री धाम में बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य अच्छी गुणवत्ता के साथ केदारनाथ धाम की तर्ज पर हो।
महाबीर पंवार माही ने कहा कि यदि शासन प्रशासन द्वारा बार बार आग्रह करने और सत्याग्रह करने के बाद कोई सुधार नहीं हुआ तो समस्त मजदूर भाइयों घोड़ा खच्चर चालकों सहित बहुत बड़ा आंदोलन किया जाएगा, जिसका जिम्मेदार शासन प्रशासन रहेगा। इस मौके पर विजयपाल रावत , महाबीर पंवार माही, मजदूर संघ अध्यक्ष अरविंद रावत, गौतम पंवार, दीपक रावत, सुनील सोनी, ऋषभ कुमार, आशीष कुमार कांग्रेस जिला अध्यक्ष, सतपाल राणा, विजय रावत, जगपाल राणा आदि लोग उपस्थित रहे।

