बड़कोट।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर तहसील विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) बड़कोट में पर्यावरण साक्षरता और सामुदायिक संरक्षण विषय पर एक विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य युवाओं और छात्रों को कानून, पर्यावरण संरक्षण तथा सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना रहा।
शिविर का विधिवत उद्घाटन तहसील विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं सिविल जज योगीश गुप्ता ने किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि आज के समय में युवाओं को सजग और जागरूक होने की आवश्यकता है। उन्होंने चेताया कि छोटी-सी गलती कब बड़ा अपराध बन जाती है, इसका पता नहीं चलता और एक बार अपराध की श्रेणी में आ जाने पर व्यक्ति का भविष्य बर्बाद हो सकता है। उन्होंने युवाओं से कानून की जानकारी रखने और गलत रास्तों से दूर रहने का आह्वान किया।
थाना बड़कोट से आई महिला दरोगा मेघा ने छात्र-छात्राओं को महिला उत्पीड़न, घरेलू हिंसा एवं साइबर क्राइम से संबंधित कानूनों की विस्तृत जानकारी दी और इनसे बचाव के उपायों पर भी प्रकाश डाला। वहीं आबकारी निरीक्षक कमलेशरानी ने नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक दुष्प्रभावों के बारे में बताया तथा नशे से दूर रहने के लिए जागरूक किया।
शिविर में महिला अनुदेशक प्रीति ने बच्चों और युवाओं को गुड टच और बैड टच की जानकारी देकर उन्हें सुरक्षित रहने के लिए प्रेरित किया। पीएलवी सुनील थपलियाल ने विधिक सेवा प्राधिकरण की कार्यप्रणाली, निःशुल्क कानूनी सहायता तथा आम जनता को मिलने वाले लाभों की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम के अंत में आईटीआई प्रधानाचार्य हरि प्रसाद सेमवाल ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे साक्षरता शिविरों का समय-समय पर आयोजन किया जाना चाहिए, ताकि छात्र-छात्राओं को कानून, समाज और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनाया जा सके।
इस अवसर पर सिविल जज योगीश गुप्ता, प्रधानाचार्य हरि प्रसाद सेमवाल, महिला दरोगा मेघा, दिगपाल सिंह, आबकारी निरीक्षक कमलेशरानी, अनोज रावत, पीएलवी उर्मिला, सुनील थपलियाल, बलबीर राणा, गौरव आर्य, लीलाधर शर्मा, प्रकाश चौहान, सुशील राणा, दीपक रावत, अनुसूया प्रसाद, संजय रावत, लिखत अमान, रीना सहित सैकड़ों छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

