सुनील थपलियाल उत्त्तरकाशी।
विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत से मुख्यमंत्री एकीकृत बागवानी विकास योजना में भारी धांधली का मामला सामने आया है। धरातल पर पौधशाला छोड़िए एक पौधा भी नही और हजारों पौधों के वितरण का ठेका मिल गया।
दरअसल उत्तरकाशी जिले में शीतकालीन सेब के फल पौधों का वितरण निदेशालय स्तर से मुख्यमंत्री एकीकृत बागवानी विकास योजना के अन्तर्गत किया गया है,जिसके लिए विभाग द्वारा एक निजी पंजीकृत फर्म मैमर्स अनिका टेडर्स एवं पौधशाला, ओडगांव बडकोट उत्तरकाशी को समस्त पौधों वितरण हेतु आवंटित कर दिया गया है। जबकि सूत्रों की माने तो ओड़गाव क्षेत्र में सेब की कोई नर्सरी उपलब्ध नही है। वैसे
सरकार उद्यान लगाओ/उद्यान बचाओ यात्रा ग्रुप में उपरोक्त पौधशाला में निम्न पौधों के ना होने/मात्र वृक्षों के ना होने की बात अनेक किसानों द्वारा लिखी गई है,जिससे किसानों ने शंका जाहिर की है कि उपरोक्त निजी फर्म द्वारा बाहरी राज्यों से औने पौने दामों पर पौधें खरीद कर उत्तरकाशी के किसानों को उपलब्ध कराए जा सकते हैं और सेब की इन पौधों के गुणवत्ता पूर्ण ना होने से किसानों की मेहनत,समय ,और राजकीय कोष को अत्यधिक नुकसान होगा साथ ही इन पौधों से जनपद में लगे सेब के बगीचों में कई तरह के रोग फैल सकते हैं।
काश्तकार अमर सिंह,सूरत सिंह,बचन सिंह, गोविंद ने जिलाधिकारी से किसानों तथा विभागीय अधिकारियों के सामंजस्य से उपरोक्त नर्सरी का भौतिक सत्यापन करवाने की मांग की है। इधर ओड़गाव के ग्राम प्रधान व ग्रामीणों ने अपने क्षेत्र में उक्त नाम की कोई नर्सरी न होने की बात स्वीकारते हुए जिलाधिकारी से कार्यवाही की मांग की है।
जबकि मुख्य उद्यान अधिकारी अनिल कुमार मिश्रा ने बताया कि उक्त आवंटन निदेशालय स्तर से हुआ है। अगर इसमें खामिया नजर आयेगी तो उच्च अधिकारियों को अवगत करवा कर कार्यवाही अमल में लायी जायेगी।
टीम यमुनोत्री Express

