जयप्रकाश बहुगुणा
बड़कोट/उत्तरकाशी
त्रिवेणी संगम गंगगानी में आयोजित पांच दिवसीय ऐतिहासिक गंगगानी वसंतोत्सव मेले (कुंड की जातर) का आज सोमवार को पारंपरिक परंपरा अनुसार रंगारंग आगाज हुआ है। मेले का शुभारंभ बाबा बौखनाग एवं मां भगवती की डोली के सानिध्य में बतौर मुख्यातिथि पूर्व विधायक यमुनोत्री केदार सिंह रावत एवं जिला पंचायत अध्यक्ष दीपक बिजल्वाण ने दीप प्रज्वलित कर किया।
मेले के शुभारंभ के मौके पर मुख्यातिथि पूर्व विधायक यमुनोत्री केदार सिंह रावत ने कहा कि यह मेला सदियों से चला आ रहा है इस मेले से हमारी पौराणिक काल से धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्वता जुड़ी हुई है। रावत ने कहा कि इस त्रिवेणी संगम का एक बहुत बड़ा महत्व है।यहां पर क्षेत्र के लोगों की शादियां होती रहती हैं, इसके लिए उन्होंने यहां अपने कार्यकाल में सामूहिक बहुद्देश्यीय बारात घर का निर्माण किया, जिससे क्षेत्र के लोगों को विवाह कार्यक्रम में इसका लाभ मिलेगा।
मेला आयोजक जिला पंचायत अध्यक्ष दीपक बिजल्वाण ने कहा कि यह स्थल एक प्रयाग के रूप में प्रसिद्ध है जिसकी अपनी पौराणिक धार्मिक महत्वता है, पौराणिक संस्कृति की पहचान से ही हमारे क्षेत्रीय मेले होते आ रहे हैं और इन मेलों को हमें भव्यता के साथ मनाना है। उन्होंने पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष चकबंदी प्रणेता स्व राजेंद्र सिंह रावत के योगदान को भी याद किया तथा उन्होंने मेले में पहुंचे अतिथियों का आभार व्यक्त किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रमो का शुभारंभ कस्तूरबा गांधी विद्यालय की बालिकाओं द्वारा सरस्वती वंदना एवं स्वागत गान से किया गया, जिसके बाद रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये गए।
कार्यक्रम में नगर पालिका परिषद बड़कोट की अध्यक्ष श्रीमती अनुपमा रावत,जिला पंचायत सदस्य कुशुम बाला, एमएस राणा, श्रीमती कृष्णा राणा, महावीर पवांर माही, डॉ कपिल देव रावत, अमित डिमरी, कमला जुड़ियाल, मनमोहन चौहान, महावीर सिंह बिष्ट, अनिल कुमार, बादर सिंह,संजय डिमरी सहित कई जनप्रतिनिधि व क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन सुमन प्रसाद डिमरी व दिनेश भारती ने किया।

