उत्त्तरकाशी।
अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज नैटवाड़ के
प्रधानाचार्य पी एल सेमवाल की कलम से……
कहते हैं कि जब आत्मबल ऊंचा हो, अच्छी प्रेरणा हो तथा कुछ करने का जुनून हो तो विपरीत परिस्थितियां भी उसे और मजबूत बनाती हैं। ऐसी ही हमारे विद्यालय अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज नैटवाड़, मोरी उत्तरकाशी की कक्षा 12 की छात्रा कु0 अंजलि विश्वकर्मा। कल 11 नवंबर 2022 को मोरी विकास खण्ड के कास्ला-लिवाड़ी मार्ग पर एक वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया था जिसमें अंजलि के पिता श्री विजय कुमार ग्राम सिदरी की मृत्यु हो गई थी। विद्यालय की तीन छात्राओं अंजलि , करिश्मा व बालेश्वरी का चयन 14 नवंबर 2022 से उत्तरकाशी में होनी वाली राज्य स्तरीय कबड्डी प्रतियोगिता हेतु जनपद उत्तरकाशी की बालिका कबड्डी टीम में हुआ है तथा अंजलि जनपदीय टीम की कप्तान भी हैं। उसे 13 नवंबर को कबड्डी प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने हेतु उत्तरकाशी जाना था लेकिन उसके पिता की दुर्घटना में मौत होने से उसके ऊपर दुखों का पहाड़ जो टूट पड़ा था। मैं अपने साथी शिक्षक श्री धीरेन्द्र चमोली के साथ परिवार को सांत्वना देने जब उसके गांव सिदरी गया तो गमगीन माहौल देखकर मैं भी दुखी था। मैंने उनका इस दुख की घड़ी में ढांढस बंधाया व विद्यालय से हर जो संभव हो सके मदद करने का आश्वासन दिया। अंजलि के पिता पर ही परिवार के पालन पोषण की जिम्मेदारी थी। अंजलि तीन बहनों और एक भाई में सबसे बड़ी है। बाद में लौटते समय अंजलि ने जब मुझसे कहा, ” सर मैं कल 13 नवंबर को विद्यालय/जनपद के लिए कबड्डी खेलने उत्तरकाशी जाऊंगी ।” उसके इस सहास का समर्थन उसकी बूढ़ी दादी जी ने यह कह कर किया कि हां बेटी तू जरूर जा , जाने वाला चला गया है तू अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़। जहां एक ओर पिता की चिता की आग भी ठंडी न हुई हो वहां एक बेटी का विद्यालय व जनपद के लिए कब्बड्डी खेलने के प्रति उसका जुनून/ समर्पण तथा दादी का उसे प्रेरित करना तारीफ-ए-काविल था। जो एक बार क्रिकेट विश्व कप के दौरान महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर के पिता की मृत्यु होने पर भी उनका देश के लिए खेनले की घटना की याद ताजा कर गई। इस दुख की घड़ी में भी अंजलि के इस साहस व इतनी कम उम्र में इस कदर की परिपक्वता तथा उसके खेल के प्रति उसका जुनून मेरे दिल को छू गया । बाहादुर बेटी के इस जज्बे को मेरा नमन।
अंजलि पढाई में भी अच्छी है उसने कक्षा 10 में 92% अंक प्राप्त किए थे। इससे पहले भी वह राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग कर चुकी है। अंजलि की छोटी बहन अर्चना जो कि कक्षा 10 की छात्रा है भी कब्बड्डी की होनहार खिलाड़ी है वह भी विकास खण्ड मोरी को जनपद स्तर पर विजय दिलाने वाली टीम का अहम हिस्सा थी यद्यपि उसका चयन जनपदीय टीम में नहीं हो पाया। विद्यालय में PTI के न होने पर भी अंजलि अन्य बच्चों को भी खेलों के प्रति प्रेरित करती है। अब अंजलि दो अन्य बालिकाओं के साथ कल 13 नवबर को राज्य स्तरीय कबड्डी प्रतियोगिता हेतु उत्तरकाशी जा रही है। मैं उनके उज्जवल भविष्य की कामना करता हूं।
यमुनोत्री Express

