ब्यूरो
बड़कोट।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की कथित लापरवाही के चलते बड़कोट क्षेत्र में राशन वितरण को लेकर गंभीर स्थिति उत्पन्न हो गई है। जानकारी के अनुसार माह दिसम्बर का राशन 20 फरवरी को लैप्स होने जा रहा है, जबकि निचले हिस्सों के गांवों और कस्बों में उपभोक्ताओं को अभी तक दिसम्बर और जनवरी का राशन पूर्ण रूप से नहीं मिल पाया है।
बर्फबारी प्रभावित ऊपरी क्षेत्रों को छोड़ दें तो अधिकांश स्थानों पर उपभोक्ता राशन के लिए भटकते रहे, लेकिन समय पर आपूर्ति नहीं हो सकी। अब जब 20 फरवरी की अंतिम तिथि नजदीक है, तो लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
सामाजिक चेतना की बुलंद आवाज ” जय हो ग्रुप ” बड़कोट ने विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि दिसम्बर माह का राशन प्रत्येक पात्र उपभोक्ता को उपलब्ध कराया जाए तथा 20 फरवरी की अंतिम तिथि बढ़ाई जाए।
ग्रुप के सयोंजक सुनील थपलियाल, मोहित अग्रवाल , जय सिंह पंवार, प्रदीप, महिताब, विनोद विष्ट, अजय रावत आदि का कहना है कि जब विभाग द्वारा समय पर राशन उपलब्ध नहीं कराया गया, तो इसका दंड उपभोक्ताओं को क्यों भुगतना पड़े? यदि राशन लैप्स किया गया तो संगठन आंदोलन के लिए बाध्य होगा।
इधर इस संबंध में जिला पूर्ति अधिकारी आशीष कुमार ने बताया कि दिसम्बर और जनवरी माह का राशन समय पर उपलब्ध नहीं हो पाया था, जिससे डीलरों को पूरा कोटा नहीं मिल सका। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत सरकार द्वारा 20 फरवरी अंतिम तिथि निर्धारित की गई है।
अब राशन की आपूर्ति हो चुकी है और प्रयास किया जा रहा है कि सभी उपभोक्ताओं तक राशन पहुंचाया जाए। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि यदि कोई उपभोक्ता निर्धारित तिथि तक राशन नहीं ले पाता है, तो उसका राशन लैप्स हो जाएगा।
राशन वितरण में देरी और लैप्स होने की आशंका से उपभोक्ताओं में चिंता का माहौल है। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि विभाग अंतिम तिथि बढ़ाने के लिए क्या कदम उठाता है या फिर आंदोलन की नौबत आती है।

