सुनील थपलियाल उत्त्तरकाशी।
चारधाम यात्रा के मुख्य पड़ाव में संचालित स्वामी विवेकानंद अस्पताल तीर्थयात्रियों सहित स्थानीय निवासियों के लिए संजीवनी से कम नही है, बेहतर व विशेषज्ञय चिकित्सकों द्वारा समय पर उपचार के साथ निःशुल्क परामर्श व दवाईयां उपलब्ध करवाई जा रही है। अन्य अस्पताल से अधिक ओपीडी इन अस्पतालों में देखने को मिल रही है।इतना ही नही हॉस्पिटल के सभी मेडिसिन डिपार्टमेंट की अच्छी व्यवस्था, साफ-सफाई, एक्सरे, पैथॉलाजी, समय पर मरीजों का इलाज, ऑपरेशन और इमरजेंसी सर्विसेस बेहतरी से किया जा रहा है।
मालूम हो कि उत्तराखंड में देहरादून के धर्मावाला व हरिद्वार के अलावा चार धाम के यमुनोत्री का बड़कोट, गंगोत्री व मनेरी , केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम में स्वामी विवेकानंद चेरिटेबल अस्पताल बेहतरी से काम कर रहे है। नगर पालिका बड़कोट में उक्त अस्पताल में सर्जन सहित अन्य दो से तीन चिकित्सक मौजूद है। बड़कोट सहित यमुनाघाटी में किसी का फैक्चर हो जाय उसके प्लास्टर या ऑपरेशन की कोई व्यवस्था नही थी । जब से स्वामी विवेकानंद अस्पताल खुला है तब से मरीजों को विकासनगर या देहरादून के चक्कर नही लगाने पड़ते है। बड़कोट में ही उनका उपचार मिल जा रहा है।
प्रभारी चिकित्साधिकारी सर्जन डॉ रामचन्द्र सिंह रावत कहते है कि सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक चिकित्सक सहित मेडिकल स्टाफ मरीजों के इलाज में जुटे रहते है। कई बार रात को इमरजेंसी आती है तो हमारे चिकित्सक तत्प्रता से उपचार में जुट जाते है। उन्होंने एक वीडियो बनाये जाने के जबाब मे बताया कि शराब के नशे में एक पुलिस कर्मी आया था वहां पर स्टाफ भी मौजूद था उन्होंने डॉक्टर को बुलाने को कहा भी लेकिन वह बदनाम की मंशा से आया था जबकि हमारे एक डॉक्टर वही पर रात इमरजेंसी को देखकर रूम में गये ही थे। उन्होंने इस मामले में बड़कोट पुलिस थाने में तहरीर दी हुई है।उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद अस्पताल गरीबों की सेवा के साथ चारधाम में आ रहे श्रदालुओं की अच्छी सेवा के लिए खोले गये है।
नर सेवा नारायण सेवा ही हमारा लक्ष्य है और अपने मरीजों को अच्छी सेवाएं देना चिकित्सको का उद्देश्य रहता है जो हम सभी बखूबी निभा रहे है।
टीम यमुनोत्री Express

