हरिद्वार। यमुनोत्री धाम के समीप स्थित ग्राम कुपड़ा के आराध्य देव भगवान श्री शेषनाग की उत्सव डोली के पावन सानिध्य में हरिद्वार में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा इन दिनों श्रद्धा और भक्ति का केंद्र बनी हुई है। दिल्ली निवासी अभिषेक शर्मा के सौजन्य से आयोजित इस दिव्य एवं भव्य कथा में युवा कथा व्यास आयुष कृष्ण नयन अपने मधुर वचनों और भावपूर्ण प्रवचनों से श्रद्धालुओं को श्रीकृष्ण भक्ति में सराबोर कर रहे हैं।
कथा के पांचवें दिन युवा व्यास आयुष कृष्ण नयन ने गद्दीपीठ से श्रीकृष्ण जन्म, बाल लीलाएं, माखन चोरी, कालिय नाग दमन, गोवर्धन धारण और रासलीला का अत्यंत मनोहारी एवं भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की लीलाएं केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि मानव जीवन को प्रेम, धर्म, करुणा और कर्तव्य का मार्ग दिखाने वाली दिव्य शिक्षाएं हैं। श्रीकृष्ण का संदेश है कि जीवन में सत्य, भक्ति और निष्काम कर्म अपनाने वाला व्यक्ति हर कठिनाई पर विजय प्राप्त करता है।
कथा के दौरान भजन-कीर्तन और श्रीकृष्ण नाम संकीर्तन से पूरा पंडाल भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालु “राधे-राधे” और “जय श्रीकृष्ण” के जयघोष के साथ भक्ति रस में झूमते नजर आए। कथा स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पहुंचकर भगवान श्री शेषनाग का आशीर्वाद प्राप्त किया और कथा का पुण्य लाभ लिया।
आयोजकों अभिषेक ने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा का यह आयोजन प्रतिदिन धार्मिक अनुष्ठानों, भजन-कीर्तन और प्रसाद वितरण के साथ श्रद्धा एवं उत्साहपूर्वक जारी है। उन्होंने कहा कि भगवान शेषनाग मन्दिर कुपडा से विगत 10 वर्षों से जुड़ा हूं, सच्चे मन से जो इच्छा जागृत हुई उसी के अनुरूप आशीर्वाद मिला है। जो श्रद्धालु सच्चे मन व सेवा भाव से शेषनाग के दर्शन करता है उसके सभी मनोरथ पूर्ण हो जाते है। आयोजको में आनन्द प्रकाश शर्मा,रमा शंकर तिवारी, पूनम तिवारी, कबीर पाठक, करिश्मा पाठक, हर्ष तिवारी, सक्षम पाठक ,श्रीमद्भागवत में आचार्य वीरेश नौटियाल, घनश्याम ,प्रमोद, विशलमणि, गणेश, विकास, मधुवन, साधुराम , भगत सिंह, केंद्र सिंह, दिनेश सिंह, राकेश सिंह, अजयपाल सहित सैकड़ों लोग मौजूद थे।

